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2401 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह Raisen वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला रायसेन ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 34 और रात में 23 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2402 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह Shajapur वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला शाजापुर ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 35 और रात में 23 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2403 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह Ujjain वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला उज्जैन ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2404 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह Sehore वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला सेहोरे ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 34 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2405 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह agar वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला अागर ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2406 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह Bhopal वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला भोपाल ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2407 ग्रीष्मकालीन तिल पर सलाह Dewas वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला देवास ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है।तिल की खेती अच्छी जल निकासी वाली पर्याप्त नमी वाली रेतीली दोमट भूमि तिल की खेती के लिए सबसे उपयुक्त है। तिल की बुवाई मे बीज की मात्रा छिडकाव विधि से 5 किग्रा/हे. एवं सीड ड्रिल से बुवाई मे 2.5-3 किग्रा/हेक्टेयर की बीज के आवश्यकता होती है किसान साथियों अधिक उपज प्राप्त करने के लिए लाइन से लाइनके बीच उचित दूरी रखकर सीड ड्रिल से बुआई करे| किसान साथियों से अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) को खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा के उर्बरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Madhya Pradesh MP 12-03-2025 Enable
2408 गेहू की पारली पर सलाह Jhalawar वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला झालावार ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 34 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Rajasthan Rajasthan User 12-03-2025 Enable
2409 गेहू की पारली पर सलाह Bundi वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला बूंदी ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Rajasthan Rajasthan User 12-03-2025 Enable
2410 गेहू की पारली पर सलाह Baran वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला बारा ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 34 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Rajasthan Rajasthan User 12-03-2025 Enable