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10161 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान शाहजहांपुर जिले के बावन खेडा क्षेत्र में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:01:00 SCHEDULED
10162 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान शाहजहांपुर जिले के मिर्जापुर क्षेत्र में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:01:00 SCHEDULED
10163 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान लखीमपुर जिले के बावन क्षेत्र में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:08:00 SCHEDULED
10164 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान लखीमपुर जिले के पसगवा में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:05:00 SCHEDULED
10165 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान लखीमपुर जिले के मोहम्मदी में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:02:00 SCHEDULED
10166 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान लखीमपुर जिले के मितौली में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:01:00 SCHEDULED
10167 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान हरदोई जिले के महोली क्षेत्र में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:07:00 SCHEDULED
10168 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान हरदोई जिले के अहिरौरी क्षेत्र में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:06:00 SCHEDULED
10169 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान हरदोई जिले के जल्लापुर में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:05:00 SCHEDULED
10170 प्रिय किसान साथियों, आगामी 17 से 23 अप्रैल के दौरान हरदोई जिले के बघौली क्षेत्र में गर्मी और बढ़ेगीI इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 38 से 42 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 21 से 25 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगाI 21 से 23 अप्रैल के दौरान कुछ बादल छाये रहेंगे जिससे गर्मी से कुछ रहत मिलेगी लेकिन वर्षा की सम्भावना नहीं हैंI सप्ताह के दौरान पश्चिम दिशा से 2 से 16 किमी प्रति घंटे की रफ़्तार से सूखी और गर्म हवा चलने की सम्भावना हैI वायुमंडल में आर्द्रता कम होकर 8 से 44% तक रह जाएगीI दिन में गर्म हवा चलने और रात में तापमान कम होने के कारण गन्ने के खेतों में कीड़ों और बिमारियों को पनपने में मदद मिलती हैI शूट बोरर और टॉप बोरर की सम्भावना को ध्यान में रखकर कीट नियंत्रण का काम करेंI इसके लिए ट्राईकोकार्ड या अन्य ट्रैप का उपयोग किया जा सकता हैI प्रकोप बढ़ने की स्थिति में 150 मिली प्रति एकड़ की दर से कोराजेन को 400 लीटर पानी में घोल कर गन्ने के तनों को ड्रेंच करें और इसके 24 घंटे के अंदर खेत में सिंचाई अवश्य करेंI लाल सडन की सम्भावना को ध्यान में रखकर प्रभावित खेतों की नियमित जाँच करते रहेंI रोग से ग्रसित गन्नों को जड़ से उखड कर प्रभावित स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर डालें और उस जगह को मिट्टी से ढक देंI ऐसे खेतों में गन्ने की पैडी न रखें और न ही उसमे गन्ने की दुबारा बुवाई करेंI इस समय काटे जा रहे गन्ने के खेतों गैप फिलिंग का काम जरुर करेंI इसके लिए नर्सरी में तैयार गन्ने के 30 से 40 दिन के पौधों की रोपाई लाइनों में खाली जगह पर करेंI बेहतर पेडी प्रबंधन के लिए गन्ने की सूखी पत्तियों को खेत में बिछाकर उसे रोटावेटर की सहायता से जमीन में मिलायेंI गन्ना काटने के दो सप्ताह के अन्दर 50 किलो यूरिया, 75 किलो डी ए पी और 50 किलो पोटाश के साथ मिलाकर खूडों में डालेंI खाली हो रहे खेतों में मूंग, ढैंचा, सनई की बुवाई करेंI फसलों को काटने के बाद उनके बचे अवशेष को खेत में मिलाने से अच्छी हरी खाद खेत को मिलेगीI बारिश के बाद इन खेतों में गन्ने की बोवाई की जा सकती हैI शरद काल में बोये गए गन्ने में हल्की मिट्टी चढ़ाएं इससे अवांछित कल्लों को रोकने में मदद मिलेगी और अच्छे गन्ने तैयार होंगेI इन खेतों में घुलनशील एन.पी.के. का छिडकाव किया जा सकता हैI ‘स्मार्ट एग्री कार्यक्रम’ की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 14-04-2023 08:05:00 SCHEDULED