Message Schedule List : 11,634
S. No. Message Language Created By Date Time Status Action
1521 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला बूंदी ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi Rajasthan User 12-03-2025 13:10:00 SCHEDULED
1522 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला बारा ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 34 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi Rajasthan User 12-03-2025 13:00:00 SCHEDULED
1523 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला कोटा ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 32 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi Rajasthan User 12-03-2025 12:55:00 SCHEDULED
1524 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन एवं सोलीडरीडाड द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, जिला टोंक ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 13 March से 22 March के दौरान दिन में 33 और रात में 22 डिग्री सेल्सियस तापक्रम रहने का अनुमान है। किसान साथियों आप सभी को होली पर्व की शुभकामनाएँ आपसे अनुरोध हे कि गेंहू कटाई के बाद बची हुई पराली (फसल अवशेष ) को नहीं जलाये। इसे जलाने से खेत में उपस्थित जीवाणु मर जाते है खेत की उत्तपादन शक्ति घट जाती है बाजार में उपलब्ध फसल अपघटक (बायो-डीकंपोजर) का उपयोग करने से पराली (फसल अवशेष ) खाद में परवर्तित हो जाएगी एवं मृदा की उर्वरता बढ़ेगी एवं फसल का उत्तपादन बढ़ेगा । किसान साथियों बायो-डीकंपोजर एक माइक्रोबियल घोल है जिसका उपयोग फसल अवशेषों, ठूंठ और अन्य जैविक अपशिष्ट पदार्थों को विघटित करने के लिए किया जाता है। इसके अलावा बायो-डीकंपोजर का उपयोग कंपोस्टिंग में भी किया जा सकता है, जो जैविक कचरे को पोषक तत्वों से भरपूर मिट्टी में बदलने मे सहायक होता है। अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन:7-6-6-9-0-4-7-7-4-7) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi Rajasthan User 12-03-2025 12:50:00 SCHEDULED
1525 ନମସ୍କାର କଟକ ଜିଲ୍ଲା ର ମାହାଙ୍ଗା, ଟାଙ୍ଗୀ , ନିଶ୍ଚିନ୍ତ କୋଇଲ ଏବଂ କେନ୍ଦ୍ରାପଡ଼ା ଜିଲ୍ଲାର ଡେରାବିଶ ଏବଂ ଗଜପତି ଜିଲ୍ଲାର ଗୁମ୍ମା ଓ ମୋହନା ର ସମସ୍ତ ଚାଷୀ ମାନଙ୍କୁ ସଲିଡାରିଡlଡ ତରଫରୁ ଭୋଡlଫୋନ ଆଇଡିଆ ସହଯୋଗ ରେ ଚାଲୁଥିବା ଆଧୁନିକ କୃଷି କାର୍ଯ୍ୟକ୍ରମ କୁ ସ୍ଵାଗତ କରାଯାଉଛି। ବର୍ତମାନ ମାହାଙ୍ଗା , ନିଶ୍ଚିନ୍ତକୋଇଲ୍ ଦିନ ରେ ୩୨° ରୁ ୩୮°ସେଲସିୟସ ତାପମାତ୍ର ହେବା ସହ ରାତି ରେ ୨୦°ରୁ ୨୫°ସେଲସିୟସ ତାପମାତ୍ରା ରହୁଛି, ଟାଙ୍ଗୀ ରେ ଦିନ ର ତାପମାତ୍ରା ୩୩°ସେଲସିୟସ୍ ରୁ ୪୦° ସେଲସିୟସ ଏବଂ ରାତ୍ରିର ତାପମାତ୍ରା ୨୦°ସେଲସିୟରୁ ୨୪°ସେଲସିୟ ରହୁଛି ଏବଂ ଗଜପତି ରେ ଦିନ ର ତାପମାତ୍ରା ୩୨°ସେଲସିୟସ ରୁ ୩୯°ସେଲସିୟସ୍ ଏବଂ ରାତି ର ତାପମାତ୍ରା ୧୬°ସେଲସିୟ ରୁ ୨୧°ସେଲସିୟସ୍ ରହିବ ।ମୁଗ ଗଛ ୨୮ ଦିନରେ ୧ ଲିଟର ଜୀବାମୃତ ୧୫ ଲିଟର ପାଣି ରେ ମିଶାଇ ସିଂଚନ କରନ୍ତୁ। ଗଛ ଦେଢ଼ ମାସର ହେଲେ ପତ୍ର ହଳଦିଆ ଦେଖାଯାଏ। ଏହାକୁ ଦୂରକରିବା ପାଇଁ ୧ ଲିଟର ଗାଈ କ୍ଷୀର + ୧୫ ଲିଟର ପାଣି ମିଶାଇ ୧ ଏକର ପାଇଁ ୧୦ ଡ୍ରମ ସିଞ୍ଚନ କରନ୍ତୁ I ଗଛ ଦେଢ଼ରୁ ୨ ମାସ ମଧ୍ୟରେ ପାଉଁଶିଆ ରୋଗ ଦେଖାଯାଏ । ଏହାକୁ ନିୟନ୍ତ୍ରଣ କରିବା ପାଇଁ ୧୫ ଲିଟର ପାଣିରେ ,୧୫ ଗ୍ରାମ ସଲଫର ଗୋଳାଇ ଏକର ପ୍ରତି ୧୦ ଡ୍ରମ ସିଂଚନ କରନ୍ତୁ। ମୁଗ ଫସଲରେ ଜଉ କୀଟ ଦେଖାଦେଲେ କିମ୍ବା ଫଳ ବିନ୍ଧା ଦେଖାଦେଲେ ଅଗ୍ନେୟାସ୍ତ୍ର ୧୫ ଲିଟର ପାଣି ରେ ୪୫୦ ମି.ଲି. ମିଶାଇ ସକାଳ ୮ଟା ଠାରୁ ୧୦ ଟା ମଧ୍ଯ ରେ ପ୍ରତି ୫ ଦିନ ଅନ୍ତରରେ ସିଂଚନ କରନ୍ତୁ । କୀଟ ଘଉଡ଼ାଇବା ଓ ଫୁଲ ନ ଝଡ଼ିବା ପାଇଁ ମାଛ ଟନିକ ତିଆରି କରି ୧୫ ଲିଟର ପାଣିରେ ୧୫ ଚାମଚ ମିଶାଇ ସିଂଚନ କରନ୍ତୁ । ଜଉ କୀଟ, ଧଳାମାଛି, ଡିଆଁ ପୋକ ନିୟନ୍ତ୍ରଣ ପାଇଁ ଖଟା ଦହି ଏକ ଲିଟରକୁ ୩୦ ଲିଟର ପାଣି ମିଶାଇ ଏକର ପ୍ରତି ସିଂଚନ କରନ୍ତୁ I କାଣ୍ଡବିନ୍ଧା ଫଳ ବିନ୍ଧା ପୋକରୁ ରକ୍ଷାପାଇବା ପାଇଁ ଆଗ୍ନୟସ୍ତ୍ର ବ୍ୟବହାର କରାନ୍ତୁ। ଏହାକୁ ପ୍ରସ୍ତୁତ କରିବା ପାଇଁ ନିମପତ୍ର, ଲଙ୍କା, ରସୁଣ ଏବଂ ଗୋମୂତ୍ର ର ଆବଶ୍ୟକ ହୋଇଥାଏ। ୫୦୦ ଗ୍ରାମ ରସୁଣ, ୫୦୦ ଗ୍ରାମ ଲଙ୍କା, ୫୦୦ ଗ୍ରାମ ତମ୍ଭାଖୁ ପତ୍ର ଓ ୫ କି. ଗ୍ରା. ନିମ ପତ୍ର ନେବା ଏହାକୁ ଭଲ ଭାବେ ବାଟିକି ଏକ ଗାଢା ଦ୍ରବଣ ପ୍ରସ୍ତୁତ କରିବା ।ଏହି ଦ୍ରବଣ ୮ ଲିଟର ପାଣି ରେ ଭଲଭାବେ ମିଶ୍ରଣ ତିଆରି କରିବା ଏହି ମିଶ୍ରଣକୁ ଚୁଲି ରେ ୧ମ ଥର ଅଧ‌ିକ ଆଞ୍ଚରେ ଫୁଟୁଣୀ ଆସିକା ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ଫୁଟାଇବା, ୧ମ ଫୁଟୁଣୀ ଆସିଗଲା ପରେ ଧୂଆ ଆଞ୍ଚରେ ଢିଙ୍କ ଆସିବା ପର୍ଯ୍ୟନ୍ତ ଆଉ ୨ ଥର ଫୁଟାଇବା, ଛଣା ସାହାଯ୍ୟରେ ଏହି ଶୀତଳ ଦ୍ରବଣକୁ ଛଣାଯିବ, ଏହାକୁ ୪୮ ଘଣ୍ଟା ଯାଏ ଥଣ୍ଡା ହେବାକୁ ରଖିବା ଛଣାଯାଇଥିବା ଶୀତଳ ଦ୍ରବଣରେ ୨ ଲିଟର ଗୋମୂତ୍ର ମିଶାଇ ଦେବା ଅଧିକ ସୂଚନା ପାଇଁ ଆମ ଟୋଲ ଫ୍ରି ନମ୍ବର ୭୦୬୫୦୦୫୦୫୪ ରେ ମିସ୍ କଲ କରନ୍ତୁ ,ଧନ୍ୟବାଦ୍। Hindi Orissa 10-03-2025 09:55:00 SCHEDULED
1526 शेतकरी बंधू आणि भगिनींनो नमस्कार. स्मार्ट ॲग्री कार्यक्रमांमध्ये आपले स्वागत आहे. 8 मार्च ते 17 मार्च या तारखेदरम्यान कराड -शिराळा परिसरामध्ये दिवसाचे तापमान 36 ते 37 अंश सेल्सिअस तर रात्रीचे तापमान 18 ते 20 अंश सेल्सिअस राहील. या 10 दिवसांमध्ये पूर्व तसेच उत्तर-पश्चिमे दिशेने वारे ताशी 2 ते 19 किलोमीटर वेगाने वाहतील, हवेतील आर्द्रता 18 ते 62 टक्के राहील. तापमानात वाढ होत आहे, या कालावधी मध्ये ऊस पिकाला पाण्याची कमतरता भासू नये याची काळजी घ्या किंवा ठिबक सिंचनाचा उपयोग करा. शेतकरी मित्रानो ऊस पिकामध्ये लवकर येणारी खोड कीड व कानी रोग यांचा प्रादुर्भाव होण्याची शक्यता आहे. प्रादुर्भावग्रस्त ऊसाची जमीनीलगत छाटणी करावी व तो ऊस शेताच्या बाहेर जाळून टाका, खोडकिडीचा प्रादुर्भाव दिसून आल्यास क्लोरपायरीफॉस 50% ई.सी. या कीडनाशकाची प्रति लिटर 2 मिली प्रमाणे फवारणी करावी. ट्रायकोग्रामा कार्डचा वापर करावा व प्रकाश साफळे लावा. ऊस लागण 50 ते 60 दिवसाची झाल्यावर बाळभरणी करावी, बालभारणी करताना एकरी 50 किलो 12:32:16, युरिया 25 किलो, सूक्ष्म अन्नद्रव्य 10 किलो असा डोस टाकावा. खोडवास फुटवे येण्यासाठी वातावरण अनुकूल आहे.खोडवा पिकाच्या उत्पन वाढीसाठी ज्या शेतात ऊसाची तोडणी केली जात आहे त्या शेतकऱ्यानी ऊसाची तोडणी जमिनीलगत करावी.व खोडकीवर एकरी 1 किलो ट्रायकोडरमाची फवारणी करावी .ऊसाचा वाळलेला पाला वेस्ट डिकंपोजरच्या साह्याने शेतातच कुजावावा असे केल्यास जमीनीस चांगले सेंद्रिय खत उपलब्ध होईल. ऊस तोडल्यानंतर एका महिन्याच्या आत बैल नांगरीने बगला फोडून एकरी 45 किलो युरिया , 150 किलो सिंगल सुपर फॉस्फेट, 50 किलो पोटॅश , 5 किलो मायक्रोसोल, 5 किलो सल्फर मिसळून खोडव्यास टाकावे यामुळे पिकाची वाढ चांगली होईल. खोड्व्यामध्ये रोपांच्या सहाय्याने नांग्या भरणी करावी. खोडवा व लागण पिकामध्ये 10 किलो प्रति एकर या प्रमाणात स्पूरद विरघळनाऱ्या जीवाणूंचा वापर करावा . तसेच 3 महिन्याच्या खोडवा पिकासाठी 75 किलो युरिया टाकावा. स्मार्ट ॲग्री कार्यक्रमाच्या अधिक माहितीसाठी 9205021814 या नंबर वर संपर्क करा तसेच हा संदेश पुन्हा ऐकण्यासाठी 7065005054 या नंबर वरती संपर्क करा धन्यवाद. Marathi MH 08-03-2025 08:05:00 SCHEDULED
1527 शेतकरी बंधू आणि भगिनींनो नमस्कार. स्मार्ट ॲग्री कार्यक्रमांमध्ये आपले स्वागत आहे. 8 मार्च ते 17 मार्च या तारखेदरम्यान पन्हाळा-शाहुवाडी परिसरामध्ये दिवसाचे तापमान 36 ते 37 अंश सेल्सिअस तर रात्रीचे तापमान 18 ते 20 अंश सेल्सिअस राहील. या 10 दिवसांमध्ये पूर्व तसेच उत्तर-पश्चिमे दिशेने वारे ताशी 2 ते 19 किलोमीटर वेगाने वाहतील, हवेतील आर्द्रता 18 ते 62 टक्के राहील. तापमानात वाढ होत आहे, या कालावधी मध्ये ऊस पिकाला पाण्याची कमतरता भासू नये याची काळजी घ्या किंवा ठिबक सिंचनाचा उपयोग करा. शेतकरी मित्रानो ऊस पिकामध्ये लवकर येणारी खोड कीड व कानी रोग यांचा प्रादुर्भाव होण्याची शक्यता आहे. प्रादुर्भावग्रस्त ऊसाची जमीनीलगत छाटणी करावी व तो ऊस शेताच्या बाहेर जाळून टाका, खोडकिडीचा प्रादुर्भाव दिसून आल्यास क्लोरपायरीफॉस 50% ई.सी. या कीडनाशकाची प्रति लिटर 2 मिली प्रमाणे फवारणी करावी. ट्रायकोग्रामा कार्डचा वापर करावा व प्रकाश साफळे लावा. ऊस लागण 50 ते 60 दिवसाची झाल्यावर बाळभरणी करावी, बालभारणी करताना एकरी 50 किलो 12:32:16, युरिया 25 किलो, सूक्ष्म अन्नद्रव्य 10 किलो असा डोस टाकावा. खोडवास फुटवे येण्यासाठी वातावरण अनुकूल आहे.खोडवा पिकाच्या उत्पन वाढीसाठी ज्या शेतात ऊसाची तोडणी केली जात आहे त्या शेतकऱ्यानी ऊसाची तोडणी जमिनीलगत करावी व खोडकीवर एकरी 1 किलो ट्रायकोडरमाची फवारणी करावी .ऊसाचा वाळलेला पाला वेस्ट डिकंपोजरच्या साह्याने शेतातच कुजावावा असे केल्यास जमीनीस चांगले सेंद्रिय खत उपलब्ध होईल. ऊस तोडल्यानंतर एका महिन्याच्या आत बैल नांगरीने बगला फोडून एकरी 45 किलो युरिया , 150 किलो सिंगल सुपर फॉस्फेट, 50 किलो पोटॅश , 5 किलो मायक्रोसोल, 5 किलो सल्फर मिसळून खोडव्यास टाकावे यामुळे पिकाची वाढ चांगली होईल. खोड्व्यामध्ये रोपांच्या सहाय्याने नांग्या भरणी करावी. खोडवा व लागण पिकामध्ये 10 किलो प्रति एकर या प्रमाणात स्पूरद विरघळनाऱ्या जीवाणूंचा वापर करावा . तसेच 3 महिन्याच्या खोडवा पिकासाठी 75 किलो युरिया टाकावा. स्मार्ट ॲग्री कार्यक्रमाच्या अधिक माहितीसाठी 9205021814 या नंबर वर संपर्क करा तसेच हा संदेश पुन्हा ऐकण्यासाठी 7065005054 या नंबर वरती संपर्क करा धन्यवाद. Marathi MH 08-03-2025 08:00:00 SCHEDULED
1528 નમસ્કાર સોલીડારીડાડ, વોડાફોન આઈડિયા ફાઉન્ડેશન અને ઇન્ડસ ટાવરના વાણી સંદેશમાં આપનું હાર્દિક સ્વાગત છે. મડાણા, માંડલા અને રાજપુર વિસ્તારમાં ગોઠવેલ હવામાન સ્ટેશનની માહિતીના આધારે આજુબાજુ ના વિસ્તારમાં તારીખ 07 માર્ચ થી 20 માર્ચ 2025 સુધીમાં તાપમાન 34 થી 39 સેલ્સિયસ ડીગ્રી રહેવાની સંભાવના છે. પવનની ગતિ 9 થી 20 કિલોમીટર પ્રતિ કલાકની રહેવાની સંભાવના છે. વાતાવરણ ચોખ્ખું રહેવાની સંભાવના છે. ઉનાળુ બાજરી વાવેતર માટે બિયારણ ની જાત માટે માં 86m22, 86m11, 86m20, 7366 જેવી જાતોની પસંદગી કરી વાવેતર કરવું. જે દાણાનું વધુ ઉત્પાદન આપતી મોટા દાણા અને હૂંડાનો સારો દેખાવ ધરાવતી તેમજ કુતુલ રોગ સામે પ્રતિકારક શક્તિ ધરાવતી આ જાત ઉનાળુ અને પૂર્વ શિયાળુ ઋતુમાં વાવણી માટે ભલામણ કરેલ છે. ઉનાળુ બાજરી વાવેતર સમય : ઉનાળુ બાજરીના વાવેતર માટે ઠંડી ઓછી થતાં ૧૫ ફેબ્રુઆરીથી ૧૫ માર્ચ સુધીનો સમય વધુ અનુકૂળ છે. આ સમય દરમિયાન વાવેતર કરવાથી દાણાનું વધુ ઉત્પાદન મળે છે. ઠંડીમાં વાવેતર કરતાં અંકુરણ મોડુ અને ધીમુ થાય છે. વળી, વાવેતર મોડું કરતાં પાક થુલી અવસ્થામાં હોય ત્યારે ચોમાસાની શરૂઆત થતાં પાકને નુકશાન થવાની શકયતા છે. માર્ચ પછી વાવણી કરતાં ઉત્પાદન ઓછું મળે છે. ઘણા ખેડૂતો એપ્રિલ માસ સુધી બાજરીની વાવણી કરતા હોય છે જે હિતાવહ નથી. Gujrati Gujrat 07-03-2025 10:22:00 SCHEDULED
1529 દિવેલા પાકમાં વાવણી બાદ લગભગ 110 થી 115 દિવસે મુખ્ય માળ પીળી પડી તેમાં અંદાજે 15 થી 20 ટકા ડોડવા પાકી જાય ત્યારે માળોની કાપણી સમયસર કરવી. છોડ ઉપરની માળ પીળી પડતાં સમયસર કાપણી કરવાથી છોડમાં નવી માળો ઝડપી ફૂટે છે અને છોડમાં બે કાપણી વધુ થાય છે. આપણા એન્ડ્રોઇડ મોબાઈલમાં આ એપ્લિકેશન ડાઉનલોડ ના હોય તો આ લિન્ક ઉપર ક્લિક કરી તમારા મોબાઈલમાં આ લિન્ક ડાઉનલોડ કરી ઇન્સ્ટોલ કરો ત્યારબાદ રજીસ્ટ્રેશન કરી આમાં જોડાવો. જેમને ડાઉનલોડ કરેલ છે તે ઈગનોર કરો. https://play.google.com/store/apps/details?id=com.vi.smartagri&hl=en_IN&pli=1 વધુ માહિતી માટે ટોલ ફ્રી નંબર 7065-00-5054 પર કોલ કરવો. Gujrati Gujrat 07-03-2025 09:40:00 SCHEDULED
1530 प्रिय किसान साथियों, मार्च माह की 8 तारीख से मार्च माह की 17 तारीख के दौरान शाहजहांपुर जिले के महोली क्षेत्र के दिन तथा रात के तापमान में कमी आयेगी | इस दौरान दिन का अधिकतम तापमान 30 से 36 डिग्री सेंटीग्रेड तथा रात का न्यूनतम तापमान 12 से 17 डिग्री सेंटीग्रेड तक रहेगा I इस दौरान पश्चिम उत्तर तथा कभी कभी पूर्व दिशा से 2 से 10 किलोमीटर की गति से हवाये चलेंगी, जिसकी वजह से वायुमंडलीय आर्द्रता 22 से 60 % तक रहने की संभावना है | किसान भाई गन्ना नमी बनाये रखने के लिए हल्की सिंचाई करते रहें, अच्छी पैदावार लेने के लिए, हमेशा गन्ने की कटाई जमीन की सतह से ही करें, मौसम गन्ना बुवाई के लिए अनुकूल रहेगा, अतः जिन किसान भाई गन्ना की बुवाई करना चाहते है कर सकते है| खेत की तैयारी की लिए 25 टन / एकड़ की दर से सड़ी गली गोबर की खाद खेत मिलाये, इसी समय 4-6 kg/एकड़ की दर से ट्राईकोडर्मा को भी मिलाये,गन्ने की बुवाई 3.5 से 4 की दूरी पर करें गन्ना बीज की उम्र 9 माह से अधिक न हो गन्ना बीज का टुकड़ा 2 आंख का ही प्रयोग करें तथा इस ½ घंटे के लिए 1 kg हेक्साटाप तथा 250 ml अमिड़ा को 1000 ली.पानी में डुबोकर रखें, बीज उपचार के लिए thiophinal mithyle का उपयोग करें, भूमि उपचार के लिए chloropyriphose 10 का उपयोग करें| बुवाई के समय 25 kg यूरिया +75kg डीएपी +50kg पोटास+ 25kg माइक्रो न्यूट्रीएंट का प्रयोग करें, गन्ने के टुकड़ो की हल्की मिट्टी से ढँक कर हल्की सिंचाई अवस्य करें गन्ने के लाइनों में सहफसल अवश्य लें| बीज निरोग तथा कीट रहित होना चाहिए| लाल सडन रोग की पुष्टि होने पर ऐसे पौधों को जड़ से निकाल लें और उन्हें खेत से दूर ले जाकर तीन से चार फूट गहरे गड्ढे में दबा देंI उखाड़े गये स्थान पर ब्लीचिंग पाउडर को भरें और मिट्टी से दबा देंI ऐसे खेतों में 4-6 किग्रा ट्राईकोडर्मा को 1-2 कुंटल गोबर की सडी खाद में मिलाकर नमी में खेतो में डालें, टॉप बोरर पाए जाने पर ट्रैकोडरमा, येलो कार्ड लगाये, स्मार्ट एग्री कार्यक्रम की और अधिक जानकारी के लिए मो. नं. 9205021814 पर संपर्क करेंI इस सन्देश को दोबारा सुनने के लिए 7065-00-5054 पर संपर्क करेI Hindi Uttar Pradesh 08-03-2025 10:48:00 SCHEDULED