Message Schedule List : 11,641
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6571 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन, इंडस टावर एवं Solidaridad द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, ग्राम Narayangarh जिला Mandsaur ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 14 November - 20 November के दौरान दिन में 28 और रात में 15 डिग्री सेल्सियस ताप क्रम रहने का अनुमान है। गेहूँ का अधिक उत्पादन हेतु 6 सिचाई अनुसंशित है पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय , दूसरी सिंचाई 40 से 45 दिन बाद कल्ले निकलते समय , तीसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय, चौथी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था में, पांचवी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय एवं छटवी सिचाई 120 से 125 दिन बाद दाना सख्त होते समय करना चाहिऐ । पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध होने पर सभी अवस्थाओं मे सिंचाई करनी चाहिये । यदि पानी दो सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय दूसरी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था मे । यदि पानी तीन सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय, दूसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय एवं तीसरी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय कर अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकते है। स्मार्ट एग्री प्रोजेक्ट के अंतर्गत खेती संबंधित समसामयिक सलाह के लिए 7065005054 पर मिस कॉल करें एवं उपयोगी सलाह प्राप्त करें । अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन: 8251071818) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi MP 15-11-2023 11:10:00 SCHEDULED
6572 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन, इंडस टावर एवं Solidaridad द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, ग्राम Tonk Khurd जिला Dewas ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 14 November - 20 November के दौरान दिन में 29 और रात में 15 डिग्री सेल्सियस ताप क्रम रहने का अनुमान है। गेहूँ का अधिक उत्पादन हेतु 6 सिचाई अनुसंशित है पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय , दूसरी सिंचाई 40 से 45 दिन बाद कल्ले निकलते समय , तीसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय, चौथी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था में, पांचवी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय एवं छटवी सिचाई 120 से 125 दिन बाद दाना सख्त होते समय करना चाहिऐ । पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध होने पर सभी अवस्थाओं मे सिंचाई करनी चाहिये । यदि पानी दो सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय दूसरी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था मे । यदि पानी तीन सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय, दूसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय एवं तीसरी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय कर अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकते है। स्मार्ट एग्री प्रोजेक्ट के अंतर्गत खेती संबंधित समसामयिक सलाह के लिए 7065005054 पर मिस कॉल करें एवं उपयोगी सलाह प्राप्त करें । अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन: 8251071818) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi MP 15-11-2023 11:05:00 SCHEDULED
6573 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन, इंडस टावर एवं Solidaridad द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, ग्राम Agrod जिला Dewas ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 14 November - 20 November के दौरान दिन में 29 और रात में 15 डिग्री सेल्सियस ताप क्रम रहने का अनुमान है। गेहूँ का अधिक उत्पादन हेतु 6 सिचाई अनुसंशित है पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय , दूसरी सिंचाई 40 से 45 दिन बाद कल्ले निकलते समय , तीसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय, चौथी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था में, पांचवी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय एवं छटवी सिचाई 120 से 125 दिन बाद दाना सख्त होते समय करना चाहिऐ । पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध होने पर सभी अवस्थाओं मे सिंचाई करनी चाहिये । यदि पानी दो सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय दूसरी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था मे । यदि पानी तीन सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय, दूसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय एवं तीसरी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय कर अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकते है। स्मार्ट एग्री प्रोजेक्ट के अंतर्गत खेती संबंधित समसामयिक सलाह के लिए 7065005054 पर मिस कॉल करें एवं उपयोगी सलाह प्राप्त करें । अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन: 8251071818) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi MP 15-11-2023 11:03:00 SCHEDULED
6574 वोडाफोन आईडिया फाउंडेशन, इंडस टावर एवं Solidaridad द्वारा क्रियान्वित स्मार्ट एग्री कार्यक्रम में आपका स्वागत है। किसानों के लिए सम-सामयिक सलाह, ग्राम Mahudiya जिला Dewas ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन के अनुसार इस सप्ताह: 14 November - 20 November के दौरान दिन में 29 और रात में 15 डिग्री सेल्सियस ताप क्रम रहने का अनुमान है। गेहूँ का अधिक उत्पादन हेतु 6 सिचाई अनुसंशित है पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय , दूसरी सिंचाई 40 से 45 दिन बाद कल्ले निकलते समय , तीसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय, चौथी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था में, पांचवी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय एवं छटवी सिचाई 120 से 125 दिन बाद दाना सख्त होते समय करना चाहिऐ । पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध होने पर सभी अवस्थाओं मे सिंचाई करनी चाहिये । यदि पानी दो सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय दूसरी सिंचाई 80 से 85 दिन बाद फूल आने की अवस्था मे । यदि पानी तीन सिंचाइयों के लिये ही उपलब्ध होने पर पहली सिंचाई 20 से 21 दिन बाद मुख्य जड़ बनते समय, दूसरी सिंचाई 60 से 65 दिन बाद तने में गाँठ पडते समय एवं तीसरी सिंचाई 100 से 105 दिन बाद दानो में दूध बनते समय कर अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकते है। स्मार्ट एग्री प्रोजेक्ट के अंतर्गत खेती संबंधित समसामयिक सलाह के लिए 7065005054 पर मिस कॉल करें एवं उपयोगी सलाह प्राप्त करें । अधिक जानकारी के लिए कृपया आप हमारे कृषि-विशेषज्ञ (फ़ोन: 8251071818) से दिन में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे के बीच बात करें । Hindi MP 15-11-2023 11:00:00 SCHEDULED
6575 Yavatmal (2)-नमस्कार शेतकरी बंधूंनो...नेर तालुक्यातील मोझर येथील स्वयंचलीत हवामान केंद्रातर्फे या आठवड्यातील हवामानाचा अंदाज असा, तापमान किमान 18 ते 20 अंश तर कमाल 30 ते 31 अंश सेल्सियस एवढे राहील. या आठवड्यात वातावरण स्वच्छ राहण्याची शक्यता आहे. शेतकऱ्यांसाठी सूचना –कपाशी वेचणी व्यवस्थापन: कापूसाची बोंडे पुर्णपने फुटलेली आहेत अश्याच कापसाची वेचणी करावी. कापुस स्वच्छ, कोरड्या आणि सुरक्षित ठिकाणी साठवावा. रसशोषक पांढरी माशी आणि तुडतुडे नियंत्रणासाठी किमान 8 पिवळे चिकट सापळे प्रती एकर तर फुलकिड्यांच्या निरीक्षणासाठी 8 निळे चिकट सापळे प्रती एकर पीकामधे लावावेत. तसेच पाच टक्के निंबोळी अर्क किंवा निंबोळी आधारित किटकनाशकाची 5 मिली एक लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. कपाशीमध्ये गुलाबी बोंड अळीच्या पतंगांचे निरीक्षण करण्यासाठी एकरी किमान 2 याप्रमाणे पेक्टीनोल्युर किंवा गॉसिप्ल्युर हे सक्रिय घटक असलेले कामगंध सापळे लावावेत. कामगंध सापळ्यां मध्ये अडकलेल्या पतंगांची नियमितपणे निरीक्षणे नोंदवावीत. • पतंगांनी आर्थिक नुकसान पातळी म्हणजेच 8 पतंग प्रति सापळा असे सलग 3 दिवस आढळल्यास, शिफारशीत असलेल्या कीटकनाशकांचा अवलंब करावा. थायोडीकार्ब 75 डब्ल्यूपी यू 20 ग्राम किंवा ईमामेक्टीन बेन्झोएट 5 एसजी 5 ग्राम प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून सकाळी किंवा सायंकाळी फवारणी करावी. बागायती कपाशी पिक फुलोरा अवस्थेत असताना 2 % युरियाची तर बोंडे विकसित होण्याच्या अवस्थेत 2% डी ए पी ची फवारणी करावी. कपाशीमध्ये नैसर्गिक पाते आणि फुलगळ टाळण्यासाठी अल्फा – एनएए 4.5 एसएल 5 मिली प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी.सॉलिडरीडॅड स्मार्ट ऍग्री प्रोग्राममध्ये आपले शंकासमाधान करण्यास कृपया संपर्क साधावा. मोबा. क्र. 9158261922. धन्यवाद! Marathi MH 15-11-2023 08:30:00 SCHEDULED
6576 Yavatmal (1)-नमस्कार शेतकरी बंधूंनो...घाटंजी तालुक्यातील मारेगाव येथील स्वयंचलीत हवामान केंद्रातर्फे या आठवड्यातील हवामानाचा अंदाज असा, तापमान किमान 20 ते 23 अंश तर कमाल 31 ते 33 अंश सेल्सियस एवढे राहील. या आठवड्यात वातावरण स्वच्छ राहण्याची शक्यता आहे. शेतकऱ्यांसाठी सूचना –कपाशी वेचणी व्यवस्थापन: कापूसाची बोंडे पुर्णपने फुटलेली आहेत अश्याच कापसाची वेचणी करावी. कापुस स्वच्छ, कोरड्या आणि सुरक्षित ठिकाणी साठवावा. रसशोषक पांढरी माशी आणि तुडतुडे नियंत्रणासाठी किमान 8 पिवळे चिकट सापळे प्रती एकर तर फुलकिड्यांच्या निरीक्षणासाठी 8 निळे चिकट सापळे प्रती एकर पीकामधे लावावेत. तसेच पाच टक्के निंबोळी अर्क किंवा निंबोळी आधारित किटकनाशकाची 5 मिली एक लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. कपाशीमध्ये गुलाबी बोंड अळीच्या पतंगांचे निरीक्षण करण्यासाठी एकरी किमान 2 याप्रमाणे पेक्टीनोल्युर किंवा गॉसिप्ल्युर हे सक्रिय घटक असलेले कामगंध सापळे लावावेत. कामगंध सापळ्यां मध्ये अडकलेल्या पतंगांची नियमितपणे निरीक्षणे नोंदवावीत. • पतंगांनी आर्थिक नुकसान पातळी म्हणजेच 8 पतंग प्रति सापळा असे सलग 3 दिवस आढळल्यास, शिफारशीत असलेल्या कीटकनाशकांचा अवलंब करावा. थायोडीकार्ब 75 डब्ल्यूपी यू 20 ग्राम किंवा ईमामेक्टीन बेन्झोएट 5 एसजी 5 ग्राम प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून सकाळी किंवा सायंकाळी फवारणी करावी. बागायती कपाशी पिक फुलोरा अवस्थेत असताना 2 % युरियाची तर बोंडे विकसित होण्याच्या अवस्थेत 2% डी ए पी ची फवारणी करावी. कपाशीमध्ये नैसर्गिक पाते आणि फुलगळ टाळण्यासाठी अल्फा – एनएए 4.5 एसएल 5 मिली प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. सॉलिडरीडॅड स्मार्ट ऍग्री प्रोग्राममध्ये आपले शंकासमाधान करण्यास कृपया संपर्क साधावा. मोबा. क्र. 9158261922. धन्यवाद! Marathi MH 15-11-2023 08:30:00 SCHEDULED
6577 Wardha (2)-नमस्कार शेतकरी बंधूंनो... हिंगणघाट तालुक्यातील अंजन्सरा येथील स्वयंचलीत हवामान केंद्रातर्फे या आठवड्यातील हवामानाचा अंदाज असा, तापमान किमान 18 ते 20 अंश तर कमाल 30 ते 32 अंश सेल्सियस एवढे राहील. या आठवड्यात वातावरण स्वच्छ राहण्याची शक्यता आहे. शेतकऱ्यांसाठी सूचना –कपाशी वेचणी व्यवस्थापन: कापूसाची बोंडे पुर्णपने फुटलेली आहेत अश्याच कापसाची वेचणी करावी. कापुस स्वच्छ, कोरड्या आणि सुरक्षित ठिकाणी साठवावा. रसशोषक पांढरी माशी आणि तुडतुडे नियंत्रणासाठी किमान 8 पिवळे चिकट सापळे प्रती एकर तर फुलकिड्यांच्या निरीक्षणासाठी 8 निळे चिकट सापळे प्रती एकर पीकामधे लावावेत. तसेच पाच टक्के निंबोळी अर्क किंवा निंबोळी आधारित किटकनाशकाची 5 मिली एक लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. कपाशीमध्ये गुलाबी बोंड अळीच्या पतंगांचे निरीक्षण करण्यासाठी एकरी किमान 2 याप्रमाणे पेक्टीनोल्युर किंवा गॉसिप्ल्युर हे सक्रिय घटक असलेले कामगंध सापळे लावावेत. कामगंध सापळ्यां मध्ये अडकलेल्या पतंगांची नियमितपणे निरीक्षणे नोंदवावीत. • पतंगांनी आर्थिक नुकसान पातळी म्हणजेच 8 पतंग प्रति सापळा असे सलग 3 दिवस आढळल्यास, शिफारशीत असलेल्या कीटकनाशकांचा अवलंब करावा. थायोडीकार्ब 75 डब्ल्यूपी यू 20 ग्राम किंवा ईमामेक्टीन बेन्झोएट 5 एसजी 5 ग्राम प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून सकाळी किंवा सायंकाळी फवारणी करावी. बागायती कपाशी पिक फुलोरा अवस्थेत असताना 2 % युरियाची तर बोंडे विकसित होण्याच्या अवस्थेत 2% डी ए पी ची फवारणी करावी. कपाशीमध्ये नैसर्गिक पाते आणि फुलगळ टाळण्यासाठी अल्फा – एनएए 4.5 एसएल 5 मिली प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी.सॉलिडरीडॅड स्मार्ट ऍग्री प्रोग्राममध्ये आपले शंकासमाधान करण्यास कृपया संपर्क साधावा. मोबा. क्र. 9158261922. धन्यवाद! Marathi MH 15-11-2023 08:30:00 SCHEDULED
6578 Wardha (1)-नमस्कार शेतकरी बंधूंनो...हिंगणघाट तालुक्यातील दरोडा येथील स्वयंचलीत हवामान केंद्रातर्फे या आठवड्यातील हवामानाचा अंदाज असा, तापमान किमान 19 ते 21 अंश तर कमाल 31 ते 33 अंश सेल्सियस एवढे राहील. या आठवड्यात वातावरण स्वच्छ राहण्याची शक्यता आहे. शेतकऱ्यांसाठी सूचना – कपाशी वेचणी व्यवस्थापन: कापूसाची बोंडे पुर्णपने फुटलेली आहेत अश्याच कापसाची वेचणी करावी. कापुस स्वच्छ, कोरड्या आणि सुरक्षित ठिकाणी साठवावा. रसशोषक पांढरी माशी आणि तुडतुडे नियंत्रणासाठी किमान 8 पिवळे चिकट सापळे प्रती एकर तर फुलकिड्यांच्या निरीक्षणासाठी 8 निळे चिकट सापळे प्रती एकर पीकामधे लावावेत. तसेच पाच टक्के निंबोळी अर्क किंवा निंबोळी आधारित किटकनाशकाची 5 मिली एक लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. कपाशीमध्ये गुलाबी बोंड अळीच्या पतंगांचे निरीक्षण करण्यासाठी एकरी किमान 2 याप्रमाणे पेक्टीनोल्युर किंवा गॉसिप्ल्युर हे सक्रिय घटक असलेले कामगंध सापळे लावावेत. कामगंध सापळ्यां मध्ये अडकलेल्या पतंगांची नियमितपणे निरीक्षणे नोंदवावीत. • पतंगांनी आर्थिक नुकसान पातळी म्हणजेच 8 पतंग प्रति सापळा असे सलग 3 दिवस आढळल्यास, शिफारशीत असलेल्या कीटकनाशकांचा अवलंब करावा. थायोडीकार्ब 75 डब्ल्यूपी यू 20 ग्राम किंवा ईमामेक्टीन बेन्झोएट 5 एसजी 5 ग्राम प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून सकाळी किंवा सायंकाळी फवारणी करावी. बागायती कपाशी पिक फुलोरा अवस्थेत असताना 2 % युरियाची तर बोंडे विकसित होण्याच्या अवस्थेत 2% डी ए पी ची फवारणी करावी. कपाशीमध्ये नैसर्गिक पाते आणि फुलगळ टाळण्यासाठी अल्फा – एनएए 4.5 एसएल 5 मिली प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. सॉलिडरीडॅड स्मार्ट ऍग्री प्रोग्राममध्ये आपले शंकासमाधान करण्यास कृपया संपर्क साधावा. मोबा. क्र. 9158261922. धन्यवाद! Marathi MH 15-11-2023 08:30:00 SCHEDULED
6579 Parbhani (3)-नमस्कार शेतकरी बंधूंनो... परभणी तालुक्यातील पिंगळी येथील स्वयंचलीत हवामान केंद्रातर्फे या आठवड्यातील हवामानाचा अंदाज असा, तापमान किमान 17 ते 19 अंश तर कमाल 30 ते 32 अंश सेल्सियस एवढे राहील. या आठवड्यात वातावरण स्वच्छ राहण्याची शक्यता आहे. शेतकऱ्यांसाठी सूचना – कपाशी वेचणी व्यवस्थापन: कापूसाची बोंडे पुर्णपने फुटलेली आहेत अश्याच कापसाची वेचणी करावी. कापुस स्वच्छ, कोरड्या आणि सुरक्षित ठिकाणी साठवावा. रसशोषक पांढरी माशी आणि तुडतुडे नियंत्रणासाठी किमान 8 पिवळे चिकट सापळे प्रती एकर तर फुलकिड्यांच्या निरीक्षणासाठी 8 निळे चिकट सापळे प्रती एकर पीकामधे लावावेत. तसेच पाच टक्के निंबोळी अर्क किंवा निंबोळी आधारित किटकनाशकाची 5 मिली एक लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. कपाशीमध्ये गुलाबी बोंड अळीच्या पतंगांचे निरीक्षण करण्यासाठी एकरी किमान 2 याप्रमाणे पेक्टीनोल्युर किंवा गॉसिप्ल्युर हे सक्रिय घटक असलेले कामगंध सापळे लावावेत. कामगंध सापळ्यां मध्ये अडकलेल्या पतंगांची नियमितपणे निरीक्षणे नोंदवावीत. • पतंगांनी आर्थिक नुकसान पातळी म्हणजेच 8 पतंग प्रति सापळा असे सलग 3 दिवस आढळल्यास, शिफारशीत असलेल्या कीटकनाशकांचा अवलंब करावा. थायोडीकार्ब 75 डब्ल्यूपी यू 20 ग्राम किंवा ईमामेक्टीन बेन्झोएट 5 एसजी 5 ग्राम प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून सकाळी किंवा सायंकाळी फवारणी करावी. बागायती कपाशी पिक फुलोरा अवस्थेत असताना 2 % युरियाची तर बोंडे विकसित होण्याच्या अवस्थेत 2% डी ए पी ची फवारणी करावी. कपाशीमध्ये नैसर्गिक पाते आणि फुलगळ टाळण्यासाठी अल्फा – एनएए 4.5 एसएल 5 मिली प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी.सॉलिडरीडॅड स्मार्ट ऍग्री प्रोग्राममध्ये आपले शंकासमाधान करण्यास कृपया संपर्क साधावा. मोबा. क्र. 9158261922. धन्यवाद! Marathi MH 15-11-2023 08:30:00 SCHEDULED
6580 Nanded (3)-नमस्कार शेतकरी बंधूंनो...किनवट तालुक्यातील लोणी येथील स्वयंचलीत हवामान केंद्रातर्फे या आठवड्यातील हवामानाचा अंदाज असा, तापमान किमान 18 ते 20 अंश तर कमाल 30 ते 32 अंश सेल्सियस एवढे राहील. या आठवड्यात वातावरण स्वच्छ राहण्याची शक्यता आहे. शेतकऱ्यांसाठी सूचना – कपाशी वेचणी व्यवस्थापन: कापूसाची बोंडे पुर्णपने फुटलेली आहेत अश्याच कापसाची वेचणी करावी. कापुस स्वच्छ, कोरड्या आणि सुरक्षित ठिकाणी साठवावा. रसशोषक पांढरी माशी आणि तुडतुडे नियंत्रणासाठी किमान 8 पिवळे चिकट सापळे प्रती एकर तर फुलकिड्यांच्या निरीक्षणासाठी 8 निळे चिकट सापळे प्रती एकर पीकामधे लावावेत. तसेच पाच टक्के निंबोळी अर्क किंवा निंबोळी आधारित किटकनाशकाची 5 मिली एक लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी. कपाशीमध्ये गुलाबी बोंड अळीच्या पतंगांचे निरीक्षण करण्यासाठी एकरी किमान 2 याप्रमाणे पेक्टीनोल्युर किंवा गॉसिप्ल्युर हे सक्रिय घटक असलेले कामगंध सापळे लावावेत. कामगंध सापळ्यां मध्ये अडकलेल्या पतंगांची नियमितपणे निरीक्षणे नोंदवावीत. • पतंगांनी आर्थिक नुकसान पातळी म्हणजेच 8 पतंग प्रति सापळा असे सलग 3 दिवस आढळल्यास, शिफारशीत असलेल्या कीटकनाशकांचा अवलंब करावा. थायोडीकार्ब 75 डब्ल्यूपी यू 20 ग्राम किंवा ईमामेक्टीन बेन्झोएट 5 एसजी 5 ग्राम प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून सकाळी किंवा सायंकाळी फवारणी करावी. बागायती कपाशी पिक फुलोरा अवस्थेत असताना 2 % युरियाची तर बोंडे विकसित होण्याच्या अवस्थेत 2% डी ए पी ची फवारणी करावी. कपाशीमध्ये नैसर्गिक पाते आणि फुलगळ टाळण्यासाठी अल्फा – एनएए 4.5 एसएल 5 मिली प्रती 10 लिटर पाण्यात मिसळून फवारणी करावी.सॉलिडरीडॅड स्मार्ट ऍग्री प्रोग्राममध्ये आपले शंकासमाधान करण्यास कृपया संपर्क साधावा. मोबा. क्र. 9158261922. धन्यवाद! Marathi MH 15-11-2023 08:30:00 SCHEDULED